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Week 6 of your Pregnancy | Zealthy

आपकी गर्भावस्था का छठा हफ्ता

Week 6 of your pregnancy in hindi

Aapki garbhavastha ka chhatha hafta in hindi

गर्भावस्था के छठे हफ्ते में आप किस तिमाही (your trimester) में हैं : आप गर्भावस्था की पहली तिमाही (first trimester) में हैं।

गर्भावस्था के छठे हफ्ते में आप कितने महीने की गर्भवती हैं : आप गर्भावस्था के दूसरे महीने में हैं।

कितने हफ्ते बचे हैं : 34 हफ्ते (238 दिन) बचे हैं।

गर्भावस्था के पांचवें हफ्ते में बच्चा कितना बड़ा हुआ है :

  • इस समय आपका शिशु अब मटर (pea) के आकार का है।
  • आपके शिशु की लम्बाई लगभग 3/4 इंच (19.5 मिमी) है।
  • गर्भावस्था के छठे हफ्ते में शिशु का वज़न लगभग 1.5 ग्राम (1.3 gm) होता है।

अब आप गर्भावस्था के छठे हफ्ते में प्रवेश कर चुकी हैं और इसी के साथ पहली तिमाही का आधा समय गुज़र चुका है। इस हफ्ते में जहां एक ओर आपके गर्भ में पल रहे बच्चे का विकास तेज़ी से होना शुरू हो गया है वहीं दूसरी ओर गर्भावस्था के लक्षणों के कारण आपकी परेशानी बढ़ सकती है। गर्भावस्था के लक्षणों की वजह से आपको बहुत जल्दी थकावट हो सकती है या फिर भावनात्मक रूप से आपके मूड में बार-बार बदलाव हो सकता है।

ये सब गर्भावस्था के शुरुआती लक्षण हैं, जिसका सामना लगभग अधिकांश महिलाओं को करना पड़ता है लेकिन अच्छी बात ये है कि पहली तिमाही के बाद चीज़ें सामान्य हो जाती हैं और आपको फिर इन समस्याओं से राहत मिल जाती है। ऐसे में जानते हैं कि छठे हफ्ते में प्रेग्नेंट महिलाओं के शरीर में क्या-क्या बदलाव होते हैं और किस रफ़्तार से शिशु का विकास होता है।

इस समय आपको क्या करना चाहिए :

  • प्रीनेटल विटामिन लेना जारी रखें।
  • नियमित रूप से लगभग आठ से 12 गिलास तक पानी पिएं।
  • फाइबर युक्त आहार लें।
  • अपने क़रीबी रिश्तेदारों से खुशख़बरी साझा करें।
  • थकावट होने पर आराम करें।
  • अपनी गर्भावस्था के अनुभव के बारे में लिखना शुरू करें।
  • भारी सामान उठाने से बचें।

गर्भावस्था के छठे हफ्ते में आपका शरीर

Your body at week 6 of pregnancy in hindi

Garbhavastha ke chhathe hafte mein aapka sharir in hindi

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जैसे-जैसे आपका शिशु बढ़ता है, वैसे-वैसे आपके शरीर से हार्मोन एस्ट्रोजन और ह्यूमन कोरियोनिक गोनाडोट्रोपिन (एचसीजी - HSG) की मात्रा बढ़ती जाती है।

फिलहाल, एचसीजी का स्तर हर दो से तीन दिनों में दोगुना हो जाता है, जो दसवें सप्ताह में सबसे अधिक होता है।

एक शोध के अनुसार प्रेगनेंसी के दौरान हार्मोन का बढ़ता स्तर 80 प्रतिशत से अधिक प्रेग्नेंट महिलाओं में पहली तिमाही में मतली (nausea) और उल्टी (vomitting) का कारण बनता है।

गर्भावस्था के दौरान, प्रत्येक मिनट में हार्ट (heart) द्वारा पंप किए गए रक्त की मात्रा 30 प्रतिशत से 50 प्रतिशत तक बढ़ जाती है।

आवश्यकता से अधिक ब्लड फ्लो (blood flow) होने के कारण कन्सेप्शन के तुरंत बाद किडनी 25% अधिक यूरिन का प्रोडक्शन करता है, जिससे आपको इस दौरान समय- समय पर यूरिन पास करने की इच्छा होती है।

इतना ही नहीं प्रेगनेंसी के लगभग 9 से 16 सप्ताह में यूरिन का प्रोडक्शन (production) सबसे अधिक होता है और इसके बाद फिर यह स्थिर हो जाता है।

छठे हफ्ते की गर्भावस्था के दौरान पेट में बदलाव (6 weeks pregnant belly)

प्रेगनेंसी के छठे हफ्ते में भी बहुत संभावना है कि आपका शरीर बाहर से अभी भी पहले की ही तरह दिख रहा हो। भले ही आपके शिशु का विकास बहुत तेज़ी से हो रहा हो लेकिन अभी आपका शिशु एक मटर के आकार का ही हुआ है। ऐसे में पेट निकलने में अभी और थोड़ा वक़्त लगेगा और आपको कुछ हफ़्तों का और इंतज़ार करना होगा।

बेशक अगर आपके गर्भ में जुड़वा (twins) बच्चे हैं तो आपका पेट तेज़ी से बढ़ेगा लेकिन इस स्थिति में भी छठे हफ्ते तक किसी का तरह बदलाव नहीं दिखता है।

छठे हफ्ते की गर्भावस्था के लक्षण (6 Weeks pregnant symptoms)

गर्भावस्था के शुरुआती चरण कई लक्षणों के साथ आ सकते हैं या नहीं भी आ सकते हैं। प्रत्येक महिला और उनकी गर्भावस्था अलग होती है, और अगर आपने कई बदलावों का अनुभव नहीं किया है तो आपको चिंता नहीं करनी चाहिए।

सामान्य तौर पर प्रेगनेंसी के छठे हफ्ते के लक्षण इस प्रकार हैं :

  • बार-बार पेशाब आना (frequent urination)
  • उल्टी आना (vomiting)
  • जलन और अपच होना (heartburn and indigestion)
  • सूजन और कब्ज (Bloating and constipation)
  • मॉर्निंग सिकनेस (morning sickness)
  • थकान (fatigue)
  • मूड में बदलाव होना (changing emotions)

गर्भावस्था के छठे हफ्ते में शारीरिक और भावनात्मक परिवर्तन (Physical and emotional changes at 6 weeks of pregnancy)

ऐसा देखा जाता है कि शारीरिक रूप में बदलाव के तौर पर गर्भावस्था के छठे हफ्ते में सिर दर्द की समस्या अधिक परेशान करती है।

इस समय स्तन का आकार बढ़ सकता है और रंग नीला हो सकता है और साथ ही निपल्स का रंग भी पहले से अधिक काला हो सकता है।

वहीं इस सप्ताह आपको थकावट भी बहुत जल्दी हो सकती है और आप ऊर्जाहीन भी महसूस कर सकती हैं।

इस समय भावनात्मक रूप से आप बहुत ज़्यादा परेशान रह सकती हैं।

दरअसल पिछले हफ्ते पीरियड्स नहीं आने पर आपकी प्रेगनेंसी कन्फर्म तो हो जाती है लेकिन आपके मन में अभी भी एक डर सा बना रह सकता है, जो बिल्कुल नार्मल है।

इस वक़्त आप अपने क़रीबी रिश्तेदारों से इस खुशख़बरी को साझा करने की भी इच्छा ज़ाहिर कर सकती हैं और फिर दूसरे ही पहलू में ऐसा करने से झिझक सकती हैं।

गर्भावस्था के छठे हफ्ते में आपका बच्चा

Your baby at week 6 of pregnancy in hindi

Garbhavastha ke chhathe hafte mein aapka baccha in hindi

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अभी भी आपका शिशु मटर के आकार का है लेकिन पिछले हफ्ते की तुलना में इस हफ्ते में उसका विकास और तेज़ी से हो रहा है और वो अब पिछले हफ्ते से दोगुना हो गया है। एक बार फिर अब इस हफ्ते में वो दोगुना बढ़ जाएगा। 6 सप्ताह में, भ्रूण के विकास में कई परिवर्तन होते हैं।

शिशु के हाथ, पैर और कान बनने की राह पर हैं। मस्तिष्क, फेफड़े और अन्य अंग भी विकसित हो रहे हैं।

गर्भावस्था के छठे हफ्ते के दौरान भ्रूण का विकास (Growth of the baby at 6 week pregnancy)

गर्भावस्था के 6 वें सप्ताह तक, आपके बच्चे का दिल एक साधारण, ट्यूब जैसी संरचना (tube like structure) से चार कक्ष (four chamber) के अंग में बदल रहा है। यह पहले से ही बच्चे के बढ़ते संचार प्रणाली (circulatory system) के माध्यम से धड़क रहा है और रक्त संचार कर रहा है।

छठे सप्ताह के बच्चे के दिल का आकार एक खसखस ​​के समान होता है, और यह प्रति मिनट 105 से 110 बार धड़कता है।

इसके साथ ही आँख, नाक, जबड़े, गाल, और ठुड्डी सहित फेशियल फीचर्स बनने शुरू हो जाते हैं। वहीं फेफड़े (lungs), गुर्दे (kidneys), पिट्यूटरी ग्रंथि (pituitory gland), आंतों (intestine) और लिवर (liver) सहित अन्य महत्वपूर्ण अंग विकसित होने लगे हैं।

इस सप्ताह बच्चे की न्यूरल ट्यूब (neural tube) बंद होना शुरू हो जाता है। गर्भावस्था के छठे हफ्ते तक, बच्चे के मस्तिष्क की तरंगों (brain waves) को रिकॉर्ड किया जा सकता है।

छठे हफ्ते की गर्भवती अवस्था में शिशु की स्थिति (Baby position at 6 weeks pregnant)

आपके बच्चे का शरीर सी आकार (C-shape) ले रहा है, और छोटी कली (buds) जो उसके हाथ और पैर बन जाएंगे।

उसकी छोटी-छोटी चेहरे की विशेषताएँ (features), जिसमें उसकी आंखें, नाक, कान, ठोड़ी और गाल भी शामिल हैं, बनने लगी हैं।

गर्भावस्था के छठे हफ्ते में माँ बननी वाली महिला के लिए आहार, स्वास्थ्य टिप्स और दिनचर्या

Diet, fitness and lifestyle tips for to be moms at week 6 of pregnancy in hindi

Garbhavastha ke chhathe hafte mein maa banne wali mahila ke liye diet, fitness or dincharya in hindi

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इस हफ्ते आपको डाइट संबंधित सावधानियां बरतनी की आवश्यकता है।

आपको एक बार में बहुत सारा खाना खाने से बचना चाहिए और इसके बजाय आपको थोड़ी-थोड़ी मात्रा में कुछ खाते रहना चाहिए। इसके अलावा बॉडी को फिट रखने के लिए नियमित रूप से व्यायाम और योग को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाएं।

प्रेगनेंसी के छठे हफ्ते में आपको क्या खाना चाहिए (What you should eat at 6 week of pregnancy)

  • छठे हफ्ते में भ्रूण का विकास बहुत तेज़ी से होने लगता है और ऐसे में माँ बनने वाली महिला को प्रोटीन, विटामिन, फॉलिक एसिड (folic acid) युक्त खाद्य-पदार्थों का सेवन करना चाहिए।
  • एक शोध से पता चला है कि गर्भावस्था के पहले और उस दौरान पर्याप्त फोलिक एसिड का सेवन आपके बच्चे में न्यूरल ट्यूब दोष के जोखिम को कम कर सकता है। न्यूरल ट्यूब डिफेक्ट स्पाइना बिफिडा (spina bifida) जैसी स्थितियों के लिए ज़िम्मेदार होता है। ऐसे में प्रेग्नेंट महिला को प्रतिदिन 400-600 माइक्रोग्राम फोलिक एसिड का सेवन ज़रूर करना चाहिए चाहे वो खाद्य पदार्थ के माध्यम से हो या फिर सप्लीमेंट के ज़रिए। हालाँकि इस सन्दर्भ में डॉक्टर की राय ज़रूरी है।
  • प्रेग्नेंट महिला को नियमित रूप से दूध का सेवन करना चाहिए और पानी भरपूर में मात्रा में पीना चाहिए।

प्रेगनेंसी के छठे हफ्ते में आपको क्या नहीं खाना चाहिए (What you should not eat or avoid at week 6 of pregnancy)

  • प्रेगनेंसी के दौरान आपको अन पैस्टराइज़्ड (unpasteurized) डेयरी उत्पादों (dairy products) के सेवन से बचना चाहिए।
  • अगर आपको कॉफ़ी (coffee) पीने की आदत है और आप उसके बिना नहीं रह पा रही हैं तो कैफीन का सेवन प्रतिदिन अधिकतम 200 मिलीग्राम से ज़्यादा करने से बचना चाहिए।
  • गर्भावस्था के दौरान शराब और धूम्रपान को पूरी तरह से त्याग दें।

गर्भावस्था के छठे हफ्ते में कौन सा व्यायाम सबसे अच्छा है (Which exercise is best at 6 week of pregnancy)

  • भले ही आप जल्द ही थका हुआ महसूस करती हों, लेकिन यह आवश्यक है कि आप कुछ हल्के व्यायाम को अपनी जीवनशैली का हिस्सा बनाएं जैसे कि वॉक करना। ये आपको अधिक सक्रिय रहने और अधिक परिवर्तनों के लिए अपने शरीर को फिट रखने में मदद करेगा।
  • गर्भावस्था के पांचवें हफ्ते के जैसे ही इस हफ्ते भी आपके लिए थोड़ी देर के लिए स्विमिंग करना भी लाभकारी हो सकता है।

गर्भावस्था के छठे हफ्ते में किन लक्षणों को देखते हुए डॉक्टर से जल्द-से-जल्द मिलना चाहिए

Which symptoms should raise an alarm to visit doctor at 6 week of pregnancy in hindi

Garbhavastha ke chhathe hafte mein kin lakshano ko dekhte hue doctor se jald se jald milna chahiye in hindi

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प्रेगनेंसी का हर हफ्ता आपके और आपके बच्चे के लिए महत्वपूर्ण होता है लेकिन गर्भावस्था की शुरुआत में जोखिम का भी ख़तरा अधिक होता है।

निम्न में से किसी भी लक्षण का अनुभव हो तो आपको डॉक्टर से तुरंत मिलना चाहिए :

  • अचानक योनि से खून बहना शुरू हो जाये (vaginal bleeding)
  • योनि से फ्ल्यूड निकलने लगे (fluid leaking from the vagina)
  • पेट या पल्सिव एरिया में बहुत दर्द शुरू हो जाये (severe abdominal or pelvic pain)
  • 100.4 ° F से अधिक बुखार हो (fever greater than 100.4°F)
  • भयानक सिरदर्द हो (severe headache)
  • पेशाब करते समय दर्द या जलन (pain or burning when urinating)

गर्भावस्था के छठे हफ्ते में डॉक्टर से क्या उम्मीद करें

What to expect from your doctor in the sixth week of pregnancy in hindi

Garbhavastha ke chhathe hafte mein doctor se kya umeed karein in hindi

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प्रेगनेंसी के दौरान गर्भवती स्त्री की डॉक्टर से पहली मुलाकात ४-१3 सप्ताह के बीच में होती है। आपको जल्द-से-जल्द मिलना चाहिए ताकि आपका रजिस्ट्रेशन हो जाए और ड्यू डेट या जेस्टेशनल ऐज का पता चल सके।

छठे हफ्ते में डॉक्टर से मुलाक़ात के दौरान आप निम्न उम्मीद कर सकती हैं :

  • विज़िट के दौरान आपकी डॉक्टर आपसे आपके लास्ट मेंस्ट्रुअल पीरियड (LMP) के बारे में जानकारी प्राप्त कर सकती हैं और उस आधार पर आपके जेस्टेशनल ऐज (Gestational age) के बारे में जानकारी दे सकती हैं।
  • इसके अलावा डॉक्टर विज़िट के दौरान आपके ब्लड प्रेशर (blood pressure) और वज़न (weight) की जाँच की जाएगी।
  • इसके अलावा डॉक्टर की ओर से आपको गर्भावस्था के दौरान क्या उम्मीद करनी चाहिए और स्वस्थ और सुरक्षित गर्भावस्था और बच्चे के लिए कुछ सलाह दी जाएगी।

छठे हफ्ते की गर्भावस्था के दौरान क्या अल्ट्रासाउंड या किसी अन्य परीक्षण की आवश्यकता है?

Whether ultrasound or any other tests required during the sixth week of pregnancy? in hindi

Chhathe hafte ki garbhavastha ke dauran kya ultrasound ya any kisi parikshan ki avashyakta hai in hindi

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प्रेगनेंसी के छठे हफ्ते में अल्ट्रासाउंड व अन्य परीक्षण :

  • अल्ट्रासाउंड (Ultrasound)

प्रेगनेंसी के दौरान इसकी पुष्टि करने के लिए डॉक्टर की ओर पहले अल्ट्रासाउंड की अनुसंशा 7 वें सप्ताह में की जाती है ताकि इससे ड्यू डेट के साथ-साथ प्रेगनेंसी के जुड़े रिस्क का भी पता लगाया जा सके।

  • टेस्ट (Test)

गर्भावस्था के 4-13 सप्ताह के बीच आपका ब्लड टेस्ट होगा।

ब्लड में एचसीजी हार्मोन (HCG hormone) के स्तर को निर्धारित करने के लिए ये रक्त परीक्षण किया जाता है।

अगर एचसीजी या प्रोजेस्टेरोन स्तर में कोई महत्वपूर्ण गिरावट होती है, तो यह एक अस्थानिक गर्भावस्था (ectopic pregnancy) का संकेत दे सकता है।

यह परीक्षण ग्लूकोज़ स्तर (glucose level), रेड ब्लड सेल्स काउंट (red blood cells count) , एचआईवी (HIV), सिफलिस ((syphilis), हेपेटाइटिस बी (Hepatitis B) और चिकनपॉक्स (chickenpox) और मीज़ल्स (measles) के खिलाफ एंटीबॉडी की उपस्थिति की भी जांच करता है।

प्रेगनेंसी के 4-13 हफ्ते के बीच पैप स्मीयर टेस्ट (Pap smear test) की भी सलाह दी जाती है। यह परीक्षण क्लैमाइडिया (chlamydia) और गोनोरिया (gonorrhea) जैसे किसी भी संक्रमण की जांच के लिए किया जाता है।

गर्भवस्था के 4-१३ सप्ताह के बीच शुगर (sugar), प्रोटीन (protein) के स्तर और संक्रमण के संकेतों की जाँच के लिए मूत्र परीक्षण (urine test) भी किया जाता है।

गर्भावस्था के छठे हफ्ते में सेक्स

Sex in the sixth week of pregnancy in hindi

Garbhavastha ke chhathe hafte mein sex in hindi

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आप बच्चे को नुकसान पहुँचाए बिना गर्भावस्था के दौरान सुरक्षित रूप से सेक्स कर सकते हैं।

गर्भावस्था के 6 वें सप्ताह तक, आपको आभास हो सकता है कि आपकी सेक्स करने की इच्छा बढ़ गई है।

वहीं अन्य इस समय महिलाएं मॉर्निंग सिकनेस या ब्रेस्ट में पेन के कारण सेक्स नहीं करना चाहती हैं।

ऐसे में अपने साथी से बात करें और चर्चा करें कि आपके लिए क्या आरामदायक है।

गर्भावस्था के छठे हफ्ते में पिता के लिए टिप्स

Tips for father during sixth week of pregnancy in hindi

Garbhavastha ke chhathe hafte mein pita ke liye tips in hindi

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गर्भावस्था के छठे हफ्ते में कई महिलाएं प्रेगनेंसी के लक्षणों से परेशान हो जाती हैं। ऐसे में महिला के साथी को काम में मदद करनी चाहिए।

निम्न तरीके से आप अपने साथी की मदद कर सकते हैं :

  • खाना पकाना
  • रसोई की सफाई में मदद करना
  • घर के छोटे-छोटे काम में मदद करना
  • इसके अलावा अपने पार्टनर के साथ ख़ुशियों के पल बिताने चाहिए।
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