Pregnancy test ki sampurn jankari in hindi

प्रेगनेंसी टेस्ट के बारे में जानिए सम्पूर्ण जानकारी

Everything about pregnancy in hindi

Pregnancy test ke bare mein janiye sampurn jankari in hindi

 

हर नारी के जीवन में माँ बनना एक अनमोल पल के समान होता है। स्वभाविक रूप से हर नारी के अंदर एक माँ छिपी होती है।

हर नारी के अंदर एक माँ छिपी होती है और जब माँ बनने की घड़ी आती है तब कुछ महिलाएं इस पल के शुरुआत होने का एहसास नहीं कर पाती हैं।

अधिकतर महिलाएं माहवारी न आने को ही गर्भावस्था की शुरुआत मान लेती हैं।

लेकिन वास्तविकता में इसके अलावा कुछ और निशानियां भी होती हैं जो महिला के प्रेग्नेंट होने को सुनिश्चित करती हैं।

इसके लिए प्रेगनेंसी टेस्ट ही एक भरोसेमंद उपाय है जो किसी भी महिला के गर्भवती होने या न होने का सही जवाब दे सकता है।

इस लेख के माध्यम से आपको प्रेगनेंसी के बारे में संपूर्ण जानकारी देने का प्रयास किया जा रहा है।

 

क्या होते हैं प्रेगनेंसी टेस्ट्स

What are pregnancy tests in hindi

Pregnancy test kya hota hai in hindi

Pregnancy test kya hota hai in hindi

किसी महिला के गर्भवती होने या न होने के बारे में सूचना देने वाले टेस्ट को ही प्रेग्नेंसी टेस्ट कहा जाता है।

इस टेस्ट के माध्यम से महिला के ह्यूमन कोरियोनिक गोनड्ट्रोपिन (HCG -Human Chorionic Gonadotropin) के स्तर को चेक किया जाता है।

यह हारमोन महिला के गर्भधारण करने के 10 से 14 दिन के बाद उसके रक्त और यूरिन में पाया जा सकता है।

जब महिला की माहवारी समय पर नहीं होती है तब महिला अपने संदेह निवारण के लिए प्रेगनेंसी टेस्ट कर सकती हैं या डॉक्टर के पास जा कर करवा सकती हैं।

आमतौर पर यह टेस्ट 99% भरोसेमंद होता है। सामान्य रूप से यह टेस्ट महिला के यूरिन को टेस्ट करके किया जाता है।

 

प्रेगनेंसी टेस्ट का महत्व क्या होता है

What is the Importance of pregnancy tests in hindi

Pregnancy test ka mahatva kya hota hai in hindi

Pregnancy test ka mahatva kya hota hai in hindi

महिला द्वारा गर्भावस्था परीक्षण करवा लेना बहुत महत्वपूर्ण होता है।

एक बार जब प्रेगनेंसी टेस्ट में महिला के गर्भधारण का पता लग जाता है तब महिला उसके अनुरूप अपनी जीवनशैली में परिवर्तन कर सकती है।

इसके साथ ही गर्भधारण का पता लगने पर चिकित्सक द्वारा बताए गए विभिन्न प्रकार के टेस्ट और जांच करवा कर प्रेगनेंसी पीरियड को सुरक्षित और स्वस्थ बनाने के लिए विभिन्न उपाय कर सकती हैं।

 

कब करें प्रेगनेंसी टेस्ट

When pregnancy test should be done in hindi

Kab kare pregnancy test in hindi

Kab kare pregnancy test in hindi

जब आपको लगे कि मासिक धर्म का समय निकले एक से दो हफ्ते बीत चुके हैं तब आप प्रेग्नेंसी चेक करने के लिए टेस्ट कर सकती हैं।

इस समय तक महिला के गर्भ का अंडा (Egg), पुरुष के शुक्राणु (Sperm) के साथ मिलकर गर्भाशय की दीवार पर निशेषित होकर चिपक जाता है।

इसके साथ ही महिला के शरीर में एचसीजी हार्मोन का बनना शुरू हो जाता है।

इसलिए जब माहवारी के 10 से 14 दिन बाद महिला के यूरिन या रक्त की जांच की जाए तब इस हार्मोन की उपस्थिति महिला के प्रेग्नेंट होने को सुनिश्चित कर देती है।

इस प्रकार जब भी आपके माहवारी की तिथि 7 दिन से ऊपर हो जाये तब आप प्रेगनेंसी का टेस्ट कर सकती हैं।

 

प्रेगनेंसी कनफर्म करने के लिए किए जाने वाले मेडिकल टेस्ट कैसे काम करते हैं

How medical tests are helpful for confirming pregnancy? in hindi

Pregnancy confirm karne ke liye kiye jane vale medical test kaise kaam karte hain in hindi

Pregnancy confirm karne ke liye kiye jane vale medical test kaise kaam karte hain in hindi

गर्भवती महिला के शरीर में एचसीजी हार्मोन की उपस्थिति ही उसके गर्भवती होने की सूचना देते हैं।

इसीलिए इन्हें प्रेगनेंसी हार्मोन (Pregnancy Hormone) भी कहा जाता है।

गर्भकाल होने पर महिला के शरीर में इन हार्मोन्स की मात्रा बढ़ जाती है।

दरअसल ये हार्मोन्स उन कोशिकाओं द्वारा निर्मित होते हैं जो भ्रूण में प्लेसेन्टा का निर्माण करती हैं और इसी प्लेसेन्टा के माध्यम से भ्रूण को गर्भवती के गर्भ में पोषण मिलता है।

यह हार्मोन महिला के शरीर में गर्भ ठहरने के 10-14 वें दिन के बाद बनने लगता है और गर्भावस्था की शुरुआत होने पर 8वें से 11 वें हफ्ते के दौरान यह अपनी चरम सीमा पर होता है।

प्रेगनेंसी कनफर्म करने के लिए महिला के रक्त या यूरिन की जांच की जा सकती है।

 

महिला के मूत्र द्वारा प्रेगनेंसी टेस्ट

Urine test for pregnancy in hindi

Mahila ke mutra dwara pregnancy test in hindi

Mahila ke mutra dwara pregnancy test in hindi

इसके लिए सबसे जरूरी ध्यान देने वाली बात यह है कि इस काम के लिए सुबह का ही यूरिन लिया जाना आवश्यक होता है।

इसके अलावा प्रेगनेंसी किट का प्रयोग करने से पहले उस पर लिखे निर्देशों को ध्यान से पढ़ लेना चाहिए।

बाज़ार में मिलने वाली विभिन्न प्रकार कि प्रेगनेंसी किट को प्रयोग करने के निर्देश भी अलग-अलग होते हैं।

इसलिए अच्छा यही होगा कि प्रयोग करने से पहले प्रेगनेंसी किट के सभी निर्देश ध्यान से पढ़ लिए जाएँ।

प्रेगनेंसी टेस्ट के लिए बाज़ार में उपलब्ध किट के माध्यम से आप घर पर ही प्रेग्नेंसी को कनफर्म कर सकती हैं।

आमतौर पर प्रेगनेंसी टेस्ट करने वाली किट में यूरिन के माध्यम से टेस्ट निम्न प्रकार से किया जाता है:

  • एक साफ छोटी बोतल में सुबह के यूरिन की कुछ बूंदें निकाल लें;

  • अब प्रेगनेंसी-टेस्ट किट में उपलब्ध एक जांच पट्टी पर यूरिन की कुछ बूंदें एक ड्रोपर की सहायता से डाल दें।

  • इसके बाद 5 मिनट तक इंतज़ार करें।

  • इसके बाद आपको इस जांच पट्टी पर दो गुलाबी रंग की लाइनें दिखाई देंगी।

  • इन लाइनों का अर्थ समझने के लिए आप किट के साथ ही निर्देश सूची को ध्यान से देखें।

  • इन निर्देशों के आधार पर आप गर्भवती होने को सुनिश्चित कर सकती हैं।

 

यूरिन जांच के परिणाम का क्या अर्थ हो सकता है

What could be the possible outcome of urine test in hindi

Urine jaanch ke parinam ka kya arth ho sakta hai in hindi

Urine jaanch ke parinaam ka kya arth ho sakta hai in hindi

प्रेग्नेंसी किट के माध्यम से जब आप घर पर यूरिन की जांच करती हैं तब आपको जो परिणाम मिल सकते हैं वो कुछ इस प्रकार के हो सकते हैं:

  • जब किट पर केवल एक गुलाबी लाइन दिखाई दे तब इसका अर्थ है कि यह परिणाम नेगेटिव है, दूसरे शब्दों में आप गर्भवती नहीं हैं।

  • अगर आपको जांच पट्टी पर दो गुलाबी लाइनें दिखाई दें तो यह आपके गर्भधारण की शुभ सूचना हो सकती है।

  • अगर आपको प्रेग्नेंसी टेस्ट की किट पर आपको कुछ भी न दिखाई दे तब इसके अर्थ विभिन्न हो सकते हैं जैसे - 

    • टेस्ट-किट की तिथि निकल चुकी हो;

    • प्रेगनेंसी के लिए प्रयोग किया गया यूरिन खराब हो चुका हो;

    • महिला ने कुछ जल्दी ही प्रेनेंसी किट का इस्तेमाल कर लिया हो;

    • महिला ने टेस्ट से पहले तरल पदार्थ कुछ अधिक पी लिया हो, जिसके कारण यूरिन में जरूरत से ज्यादा तरलता आ गई हो;

    • प्रेगनेंसी टेस्ट के समय महिला कुछ ऐसी दवाइयों का सेवन कर रही हो जिससे टेस्ट पर असर हो गया हो;

    • यह भी हो सकता है कि गर्भधारण करते ही गर्भपात हो गया हो, तब भी परिणाम नेगेटिव आ सकते हैं।

 

रक्त परीक्षण द्वारा प्रेगनेंसी जांच

Blood test for pregnancy in hindi

Rakt parikshan dwara pregnancy jaanch in hindi

Rakt parikshan dwara pregnancy jaanch in hindi

महिला की माहवारी न आने पर ही 6-8 दिनों के भीतर ही रक्त की जांच के माध्यम से भी गर्भ के होने को सुनिश्चित किया जा सकता है।

प्रेगनेंसी टेस्ट के लिए ब्लड टेस्ट दो प्रकार से किया जाता है:

गुणात्मक परीक्षण (Qualitative examination) :

  • प्रेग्नेंसी की जांच के लिए यह पहली रक्त-जांच होती है।

  • इसमें एचसीजी हार्मोन की उपस्थिति की जांच की जाती है।

  • अगर रक्त जांच में इस हार्मोन का होना पाया जाता है तब यह गर्भावस्था की शुरुआत को बताता है।

  • महिला का यह ब्लड टेस्ट माहवारी के न आने की तिथि के 10 दिन बाद किया जाता है।

मात्रात्मक परीक्षण (Quantitative examination) :

  • प्रेगनेंसी की जांच में इस ब्लड टेस्ट से यह पता लगाने का प्रयास किया जाता है कि महिला के रक्त में एचसीजी हारमोन की कितनी मात्रा है।

  • रक्त के परीक्षण से एचसीजी की कम से कम मात्रा का भी सरलता से पता लग सकता है।

  • इसके अतिरिक्त यदि प्रेग्नेंसी में किसी प्रकार की कोई समस्या हो तब उसका भी शुरू में ही पता लग जाता है।

  • प्रेग्नेंसी डॉक्टर रक्त की जांच के साथ दूसरे टेस्टों के माध्यम से गर्भ के ठहरने की सही पोजीशन अथार्थ कहीं भ्रूण का विकास गर्भाशय के स्थान पर ट्यूब में तो नहीं हो रहा है।

  • इस स्थिति को एक्टोपिक प्रेग्नेंसी (Ectopic Pregnancy) कहा जाता है। यदि महिला के गर्भधारण से पहले गर्भपात हो चुका हो तब भी रक्त की जांच बहुत सहायक हो सकती है।

  • प्रेग्नेंसी की शुरुआत की जांच करने के लिए अधिकतर महिलाएं यूरिन टेस्ट को करना सुविधाजनक मानती हैं।

  • लेकिन यदि आपको नेगेटिव परिणाम प्राप्त हुए हैं तब आप पहले टेस्ट के एक हफ्ते बाद दोबारा चेक कर सकती हैं।

  • लेकिन यदि आपको दोनों टेस्टों में परिणाम अलग-अलग प्राप्त हुए हों तब डॉक्टर के पास जाकर प्रेग्नेंसी की जांच के लिए रक्त जांच ही करवाना अच्छा होगा।

 

सारांश

Summary in hindi

Saransh in hindi

आमतौर पर जैसे ही किसी विवाहित महिला के माहवारी की तिथि अपने नियत समय पर नहीं आती है तब वह गर्भधारण को लेकर असमंजस की स्थिति में आ जाती हैं।

ऐसे में महिलाएं प्रेगनेंसी के टेस्ट के लिए किट के माध्यम से यूरिन की जांच करने का प्रयास करती हैं।

इस जांच का परिणाम कई बार पॉज़िटिव आता है तो कभी नेगेटिव आता है।

ऐसे में प्रेगनेंसी को कनफर्म करने के लिए ब्लड टेस्ट करना उचित रहता है।