महिला में अंडे की संख्या कितनी होती है?

How many eggs are there in women in hindi

Female eggs ki sankhya kitni hoti hai in hindi


एक नज़र

  • अंडों की संख्या का अनुपात सही होना प्रेग्नेंट होने की संभावना को निर्धारित करता है।
  • महिला की उम्र अंडे की गुणवत्ता को प्रभावित करती है।
  • उम्र के साथ अंडे के बनने की क्षमता कम होने लगती है।
  • जन्म के समय एक लड़की दो मिलियन अंडों के साथ पैदा होती है।
triangle

Introduction

Introduction

हमारे देश में महिला बाँझपन (female infertility) की समस्या लगातार बढ़ती जा रही है। इसके पीछे का सबसे प्रमुख कारण है महिलाओं के अंडाशय में अंडों का न बनना। दरअसल, अंडों की संख्या में कमी होने से महिलाओं में गर्भधारण करने की संभावना कम होती जा रही है।

हालांकि, अधिकतर महिलाएं इनफर्टिलिटी की समस्या से रूबरू होती हैं लेकिन अंडे की संख्या और गुणवत्ता कैसे आपकी प्रेगनेंसी को प्रभावित कर सकती है, इसकी जानकारी आज भी बहुत कम लोगों को है।

इसके अलावा एक महिला का अंडा कैसा दिखता है और एक लड़की जन्म के साथ कितने अंडे की संख्या के साथ पैदा होती है इससे भी कई लोग अनभिज्ञ होते हैं। जानिए इस लेख से विमन एग (women eggs) से जुड़ी जरूरी जानकारी।

loading image

इस लेख़ में

 

महिला का अंडा कैसा दिखता है?

How does women eggs look like in hindi

Mahila ka anda (female egg) kaisa dikhta hai in hindi

महिला प्रजनन चक्र (female reproductive cycle) जटिल होता है। लड़कियों को हर महीने में पीरियड होने के कारण हार्मोन का स्तर बदलने लगता है।

फिर, जब महिलाएं मध्यम आयु में पहुँचती हैं, तो वे और भी अधिक बदलावों से गुज़रती हैं क्योंकि उनके हार्मोन में बहुत उतार-चढ़ाव होते हैं।

इससे उनकी प्रजनन क्षमता बढ़ती उम्र के साथ कम होने लगती है। मानव शरीर में पाए जाने वाले किसी भी अन्य कोशिका की तुलना में अंडा कोशिका (egg cell) बहुत बड़ी होती है।

इसमें लगभग 100 माइक्रोन (एक मीटर का मिलियन) का डायमीटर होता है या बालों के एक किनारे की मोटाई होती है, जिससे ये एक स्पर्म सेल के आकार का तीस गुना हो जाता है।

स्पर्म की तरह, अंडे में पुंछ (tails) नहीं होती है और इस प्रकार वे स्थिर होते हैं - जिसका अर्थ है कि वे मूव नहीं कर सकते हैं। सभी एग सेल्स की एक अपरिपक्व अवस्था होती है, जब तक कि वे एक विशेष प्रक्रिया से नहीं गुज़री हों।

इससे पहले कि एक अंडा कोशिका का निषेचन हो, उसे अंडाशय के भीतर एक फॉलिकल्स नामक सेल नेट (cells net) में परिपक्व होने की आवश्यकता होती है।

मेंस्ट्रुअल साइकिल के फॉलिक्युलर फेज़ (follicular phase) के दौरान, लगभग 20 रोम बढ़ने और परिपक्व होने लगते हैं। फिर इनमें से मौजूद किसी एक फॉलिकल को प्रमुख रूप से किसी समय पर चुना जाता है।

इसके बाद ये ओवरी (ovary) फॉलिकल के माध्यम से बाहर आ जाता है, जिसे ओव्यूलेशन (ovulation) के रूप में जाना जाता है।

इसके बाद यह फैलोपियन ट्यूब (fallopian tube) में मौजूद शुक्राणु द्वारा निषेचित किया जा सकता है या फिर बिना निषेचित हुए नीचे की ओर आकर गर्भाशय से बाहर निकल सकता है।

loading image
 

लड़की कितने अंडे की संख्या के साथ पैदा होती है?

With how many eggs are females born with in hindi

Ladki kitne ande ke sath paida hoti hai in hindi

महिलाएं पुरुषों की तरह हमेशा अंडे नहीं पैदा कर सकती हैं। हर एक महिला जन्म के समय ही सभी अंडों के साथ पैदा होती है, जो उसके पास उनके जीवनकाल के दौरान होंगे।

जन्म के समय, एक लड़की लगभग 700.000 से 2 मिलियन अंडे (oocytes) के साथ पैदा होती है। अपने जीवन के हर एक महीने में जब तक वह यौन (puberty) तक नहीं पहुँचती, तब तक वह लगभग 11,000 अंडे खो देती है।

जब तक वह अपनी किशोरावस्था में होती है, तब तक उसके पास 300,000-400,000 अंडे होते हैं, जिनमें से 500 से कम ओव्युलेट होते हैं।

पुबर्टी के शुरू होते ही एक महिला हर महीने लगभग 1,000 अंडे खो देती है जो हार्मोन के स्तर, ओव्यूलेशन या किसी अन्य प्रजनन कारकों से स्वतंत्र होते हैं।

जब अंडों की संख्या लगातार कम होती जाती है तो वो महिला बांझ (infertile) हो जाती है। ऐसा आमतौर पर लगभग 40 साल की उम्र में होता है, जिस दौरान (40-50) मेनोपोज़ होता है।

loading image
 

एक महिला हर महीने कितने अंडे की संख्या खोती है?

How many eggs does a woman lose per month in hindi

Ek mahila har mahine kitne ande kho deti hai in hindi

एक महिला हर महीने एक मैच्योर एग खो देती है, तो उस आधार पर आप ऐसा सोच सकती हैं आप हर महीने एक ही अंडा खो सकती है। लेकिन, ये सच नहीं हो सकता है।

जैसा कि ऊपर बताया गया है कि फर्टाइल महिलाएं प्रति माह औसतन 1,000 अंडे खो देती हैं। अब आपके मन में ये सवाल होगा कि आखिर ऐसा कैसे होता है?।

हर महीने, चुने गए 15-20 फॉलिकल्स परिपक्वता की प्रक्रिया शुरू करते हैं, जिसमें से एक अंडे को ओवुलेशन के लिए चुना जाता है।

ओव्यूलेशन के लिए चुने गए फॉलिकल को एक प्रमुख फॉलिकल (dominant follicle) कहा जाता है और ये लगभग 22 मिलीमीटर तक बढ़ता है।

loading image
 

क्या यह निर्धारित करना संभव है कि एक महिला के पास कितने अंडे बचे हैं?

Is it possible to determine how many eggs a woman has left in hindi

Kya ye nirdharit karna sambhav hai ki ek mahila ke pass kitne ande bache hai in hindi

इस सवाल का जवाब है हां! एक टेस्ट की मदद से मासिक धर्म चक्र के दौरान महिला के ओवेरियन रिज़र्व (ovarian reserve) का पता लगाया जा सकता है। ये टेस्ट मेंस्ट्रुअल साइकिल के दौरान किसी भी उम्र और किसी भी चरण में किया जा सकता है।

इस टेस्ट का नाम है एंटी-मुल्लेरियन टेस्ट (anti-mullerian test), जो महिला के एंटी-मुलरियन हार्मोन (एएमएच) के स्तर को मापता है।

एंटी-मुल्लेरियन हार्मोन फॉलिकल (follicles) द्वारा निकलता (secreted) है। इस हार्मोन का स्तर फॉलिकल्स की संख्या को दर्शाता है, जिससे महिला के अंडे (eggs) की औसत संख्या का पता चलता है।

आपको बता दें कि अगर महिला के एएमएच का स्तर 0.5 एनजी/एमएल (0.5 ng/ml) है तो इसे पर्याप्त ओवेरियन रिज़र्व माना जाता है।

वहीं अगर एक महिला के एएमएच का स्तर 0.15 एनजी / एमएल (0.15 ng/ml) से कम होता है तो उनमें अंडों की संख्या कम मानी जाती है और उन महिलाओं में गर्भावस्था की दर में कमी आ जाती है।

एएमएच परीक्षण के लिए सिफारिश निम्न परिस्थितियों में की जाती है:

  • जो महिलाएं 35 साल से कम उम्र की हैं और एक साल से गर्भधारण करने की कोशिश कर रही हैं या वे महिलाएं जो 35 साल से अधिक उम्र की हैं और 6 महीने तक गर्भधारण करने की कोशिश कर रही हैं।
  • जो महिलाएं आईवीएफ (IVF - in vitro fertilization) या अन्य प्रजनन उपचारों के बारे में सोच रही हैं।
    एंटी-मुल्लेरियन हार्मोन के निम्न स्तर आईवीईएफ के लिए सही साबित नहीं हो सकते हैं।
  • जिन महिलाओं की कीमोथेरेपी (chemotherapy) या डिम्बग्रंथि सर्जरी (ovarian surgery) हुई है।
  • जिन महिलाओं को ओवेरियन ट्यूमर (ovarian tumor) होने का संदेह हो।
  • जो महिलाएं भविष्य में माँ बनने की इच्छा रखती हैं और जो जानना चाहती हैं कि उनकी स्थिति कैसी है।

एंट्रल फॉलिकल काउंट (antral follicle count - AFC) के साथ एएमएच (AMH) टेस्ट की मदद से डिम्बग्रंथि रिजर्व (ovarian reserve) का सटीक मूल्यांकन होता है।

एएफसी (AFC) टेस्ट में दोनों अंडाशय (ovaries) में मासिक धर्म चक्र के 2 और 4 दिनों के बीच मौजूद छोटे (2-10 मिमी डायमीटर) एंटेरल फॉलिकल (antral follicles) की संख्या को देखने के लिए अल्ट्रासाउंड स्कैन किया जाता है।

4 से 10 एंट्रल फॉलिकल्स की उपस्थिति अच्छे डिम्बग्रंथि रिज़र्व (good ovarian reserve) का संकेत है। जबकि कम फॉलिकल नंबर, खराब रिज़र्व (poor ovarian reserve) का संकेत होता है।

ये संयुक्त परीक्षण (combined test) आपके डॉक्टर को आपकी प्रजनन क्षमता का सटीक मूल्यांकन करने में मदद करते हैं।

और पढ़ें:अल्फा-फेटोप्रोटीन टेस्ट क्या है और क्यों पड़ती है इसकी ज़रूरत
 

निष्कर्ष

conclusionin hindi

Nishkarsh

एक लड़की जन्म के साथ लगभग 700.000 से 2 मिलियन अंडे (oocytes) के साथ पैदा होती है।

जिनकी संख्या बढ़ती उम्र के साथ कम होती चली जाती है। कई बार तनाव के कारण महिला के अंडों की गुणवत्ता प्रभावित हो जाती है।

ऐसे में हार्मोन को बैलेंस करने और गुणवत्ता को बनाये रखने के लिए आपको स्ट्रेस-फ्री लाइफ जीना चाहिए। इसके अलावा अंडे की मात्रा और गुणवत्ता में सुधर लाने के लिए आपको ज़्यादा-से-ज़्यादा फोलिक एसिड युक्त आहार का सेवन करना चाहिए।

loading image

क्या यह लेख सहायक था? हां कहने के लिए दिल पर क्लिक करें

आर्टिकल की आख़िरी अपडेट तिथि: : 02 Jun 2020

हमारे ब्लॉग के भीतर और अधिक अन्वेषण करें

लेटेस्ट

श्रेणियाँ

क्या तनाव के कारण गर्भधारण करने में परेशानी आ सकती है?

क्या तनाव के कारण गर्भधारण करने में परेशानी आ सकती है?

प्रजनन क्षमता बेहतर बनाने के 10 तरीके

प्रजनन क्षमता बेहतर बनाने के 10 तरीके

लड़का कैसे पैदा होता है?

लड़का कैसे पैदा होता है?

प्रेग्नेंट कब और कैसे होती है ?

प्रेग्नेंट कब और कैसे होती है ?

सेक्स के कितने दिन बाद गर्भधारण होता है?

सेक्स के कितने दिन बाद गर्भधारण होता है?
balance

सम्बंधित आर्टिकल्स

article lazy ad