क्या प्रेगनेंसी में पीरियड आता है?

Does a period occur in pregnancy in hindi

Kya pregnancy mein period aata hai


एक नज़र

  • गर्भावस्था की शुरुआत में हल्का खून आना सामान्य होता है।
  • कुछ मामलों में गर्भावस्था के दौरान ब्लीडिंग का कारण सर्वाइकल इन्फेक्शन भी हो सकता है।
  • गर्भपात के दौरान, ब्लीडिंग का मतलब गर्भपात भी हो सकता है।
triangle

Introduction

Kya_pregnancy_mein_period_aata_hai

जब एक महिला पहली बार प्रेग्नेंट होती है तो उसके मन में कई तरह के प्रश्न पनपते हैं। ज़ाहिर सी बात है कि पहली बार गर्भवती होने पर महिलाएं किसी भी तरह की समस्या से अपना और अपने बच्चे का बचाव करना चाहती हैं।

ऐसे में जब कुछ महिलाओं को प्रेगनेंसी की शुरुआत में हल्का रक्तस्राव होता है (जो कई कारणों से हो सकता है) उसे महिलाएं प्रेगनेंसी के दौरान पीरियड आना समझकर चिंतित हो जाती हैं। उनके मन में ये सवाल आने लगते हैं कि क्या प्रेगनेंसी में पीरियड आता है।

ऐसे में हम इस लेख की मदद से पहली बार माँ बन रही महिलाओं को ये बताने की कोशिश करने जा रहे हैं कि आखिर ऐसा होता है तो क्यों होता है और क्यों इसे पीरियड से जोड़कर नहीं देखना चाहिए।

loading image

इस लेख़ में

 

क्या गर्भावस्था में पीरियड होना संभव है?

Is it possible to have a period during pregnancy in hindi

Kya pregnancy khoon aana sambhav hai

हालांकि, कुछ महिलाएं गर्भवती होने के दौरान रुक-रुककर रक्तस्राव का अनुभव कर सकती हैं, लेकिन ये पीरियड का संकेत हो ये संभव नहीं है।

दरअसल, गर्भवती होने के लिए हर महीने आने वाले मासिक धर्म का रुकना अनिवार्य होता है।

हर महीने, ओव्यूलेशन तब होता है जब आपका अंडाशय शुक्राणु द्वारा निषेचित (fertilize) होने के लिए एक अंडा रिलीज़ करता है।

निषेचित अंडे की उम्मीद में गर्भाशय अस्तर (uterine lining) गाढ़ा हो जाता है, जिसके परिणामस्वरूप गर्भावस्था होती है।

अगर एक अंडा निषेचित और प्रत्यारोपित नहीं होता है, तो अंडा और गर्भाशय अस्तर दोनों ही आपकी योनि से मासिक धर्म के खून के रूप में बाहर आ जाते हैं।

तो, क्या आपको प्रेगनेंसी में खून आ सकता? तो इसका सीधा जवाब है नहीं।

चूंकि महिलाएं गर्भावस्था के दौरान ओव्युलेट या अंडाणु जारी नहीं करती हैं, इसलिए उन्हें उनकी मासिक अवधि नहीं होती है।

हालांकि, गर्भावस्था की शुरुआत में हल्का खून आना सामान्य होता है।

loading image
 

ऐसा होना कितना दुर्लभ है कि आप गर्भवती हो और पीरियड भी हो?

How rare is it to be pregnant and have your period in hindi

Pregnancy or period hona kitna rare hota hai, क्या प्रेगनेंसी में पीरियड आता है

जैसा कि हमने पहले ही बताया है, कितने भी दावे कर लिए जाए लेकिन गर्भवती होने के दौरान महिला को पीरियड आना संभव नहीं है।

एक बार जब शरीर गर्भावस्था हार्मोन, ह्यूमन कोरियोनिक गोनाडोट्रोपिन (human chorionic gonadotropin (hCG) का उत्पादन शुरू कर देता है, तो आपके पीरियड्स रुक जाते हैं।

और पढ़ें:30 की उम्र के बाद गर्भावस्था के जोखिम क्या हैं ?
 

आप अपनी पहली तिमाही के दौरान "पीरियड" का अनुभव क्यों कर सकते हैं?

Why you might experience a “period” during your first trimester in hindi

First trimester mein period ka anubhav kyon ho sakta hai

क्या प्रेगनेंसी में पीरियड आता है, इसका जवाब तो हमने पहले ही दे दिया है लेकिन गर्भवस्था की शुरुआत में महिलाओं को हल्के रक्स्राव का आखिर अनुभव क्यों होता है?

यह रक्तस्राव अनिवार्य रूप से समस्या की और इंगित नहीं करता है, लेकिन इसके कारण को समझना महत्वपूर्ण है और साथ ही ये भी समझना ज़रूरी है कि इस समस्या को लेकर कब चिंतित होना चाहिए या डॉक्टर से आपको कब मिलना चाहिए।

रक्तस्राव गर्भावस्था की पहली तिमाही के दौरान दूसरी या तीसरी तिमाही की तुलना में अधिक बार होता है।

अनुमान बताते हैं कि लगभग 25 से 30 प्रतिशत गर्भवती महिलाएं अपनी पहली तिमाही के दौरान कभी न कभी स्पॉटिंग का अनुभव करती हैं।

इस रक्तस्राव के कई कारण हैं।

प्रेगनेंसी के दौरान पहली तिमाही में रक्तस्राव के निम्नलिखित कारण हो सकते हैं:

1. प्रत्यारोपण रक्तस्राव (Implantation bleeding)

ये आमतौर पर फर्टिलाइज़ेशन के दो सप्ताह बाद होता है, जब निषेचित अंडा गर्भाशय के अस्तर में प्रत्यारोपित होता है।

चूंकि यह एक आपके होने वाले पीरियड के आस-पास के समय होता है, महिलाओं इस हल्के रक्स्राव को पीरियड समझने की गलती कर सकती हैं।

लेकिन पीरियड के दौरान होने वाले ब्लीडिंग जैसा नहीं होता है बल्कि हल्का होता है और ये कम दिनों तक रहता है।

2. गर्भाशय ग्रीवा में परिवर्तन (Changes in the cervix)

प्रारंभिक गर्भावस्था के दौरान, गर्भाशय ग्रीवा नरम हो जाती है और बढ़ जाती है क्योंकि शरीर में एस्ट्रोजन का स्तर बढ़ने के साथ अधिक रक्त गर्भाशय ग्रीवा तक पहुँचता है।

ऐसे में इस दौरान अगर दंपत्ति सेक्स करते हैं तो महिला की सर्विक्स पर प्रेशर पड़ने से स्पॉटिंग का अनुभव हो सकता है।

रक्तस्राव के अन्य कारण :

  • अस्थानिक गर्भावस्था (Ectopic pregnancy)

जब निषेचित अंडा गर्भाशय के बाहर प्रत्यारोपित हो जाता है

  • मोलर गर्भावस्था (Molar pregnancy)

गर्भावस्था का एक असामान्य रूप, जब गर्भ में भ्रूण ठीक से विकास नहीं कर पाता है। ये गर्भावस्था की एक बहुत ही दुर्लभ जटिलता है।

  • गर्भपात या गर्भावस्था का नुकसान (Miscarriage)

गर्भपात के दौरान, ब्लीडिंग का मतलब गर्भपात भी हो सकता है।

  • सर्वाइकल इन्फेक्शन (Cervical Infection)

कुछ मामलों में गर्भावस्था के दौरान ब्लीडिंग का कारण सर्वाइकल इन्फेक्शन भी हो सकता है।

  • गर्भावधि ट्रोफोब्लास्टिक रोग (Gestational trophoblastic disease)

गर्भाशय के अंदर भ्रूण के ऊतकों की असामान्य वृद्धि के कारण ब्लीडिंग हो सकती है।

  • सबकोरियोनिक हेमोरेज (Subchorionic hemorrhage)

जब प्लेसेंटा और गर्भाशय की दीवार के बीच रक्तस्राव होता है।

  • पेल्विक इन्फ्लामेट्री डिजीज़ (Pelvic inflammatory disease)

फ़ीमेल रिप्रोडक्टिव ऑर्गन का संक्रमण। ये आमतौर पर तब होता है, जब योनि से गर्भाशय, फैलोपियन ट्यूब (fallopian tubes) या अंडाशय (ovaries) में यौन संचारित बैक्टीरिया फैल जाते हैं।

कॉमन लक्षणों में श्रोणि दर्द (pelvic pain) और बुख़ार (fever) शामिल हैं। पहली तिमाही के दौरान रक्तस्राव होने की संभावना अधिक होती है, लेकिन बावजूद इसके दूसरी और तीसरी तिमाही में ऐसा न हो इससे पूरी तरह से इनकार नहीं किया जा सकता है।

loading image
 

गर्भवस्था के दूसरे और तीसरे तिमाही के दौरान रक्तस्राव के कारण क्या होते हैं?

What causes bleeding during the second and third trimesters of pregnancy in hindi

Second or third trimester mein bleeding ke kya karan hain

जैसे कि हमने पहले ही चर्चा की है कि गर्भावस्था के दौरान पीरियड क्यों संभव नहीं है, और कुछ महिलाओं को अपने पहले त्रैमासिक के दौरान हल्के रक्तस्राव या स्पॉटिंग का अनुभव क्यों हो सकता है।

ऐसे में हम ये कह सकते हैं कि आपके सवाल क्या प्रेगनेंसी में पीरियड आता है तो इसका जवाब है नहीं।

हालांकि दूसरी और तीसरी तिमाही के दौरान रक्तस्राव संभव है, लेकिन ऐसा होना आम नहीं है।

हालांकि, इस दौरान ब्लीडिंग होने के कुछ और संकेत हो सकते हैं या प्रेगनेंसी से जुड़ी किसी समस्या की इंगित कर सकता ही लेकिन ये पीरियड नहीं होता है।

प्रेगनेंसी के मध्य या अंतिम चरण में रक्तस्राव होने के संभावित कारणों में शामिल हैं :

  • सेक्स (Sex)

संभोग के बाद आपको हल्का रक्तस्राव या स्पॉटिंग हो सकती है, क्योंकि गर्भाशय ग्रीवा और योनि के टिश्यू संवेदनशील हो जाते हैं।

  • प्लेसेंटा प्रीविया (Placenta previa)

इस स्थिति में, प्लेसेंटा ग्रीवा के मुख के करीब या उसके ऊपर स्थित होकर सर्विस को ढँक देता है। जिस कारण योनि से रक्तस्राव हो सकता है और ये प्रसव में बाधा उत्पन्न कर सकता है।

  • प्लेसेंटा अब्रप्शन (Placental abruption)

शिशु के प्रसव (प्रसव के दूसरे चरण) से पहले प्लेसेंटा गर्भाशय से अलग होने लगता है, जिससे रक्तस्राव होता है।

  • आंतरिक परीक्षा (Internal examination)

कभी-कभी, आपके डॉक्टर किसी भी असामान्यता के लिए ग्रीवा क्षेत्र की जांच कर सकते हैं, और इस प्रक्रिया के कारण स्पॉटिंग हो सकती है।

  • लेबर (Labor)

गर्भाशय ग्रीवा का फैलाव और गर्भाशय संकुचन, जो भ्रूण को जन्म नहर यानि बर्थ कनाल से नीचे आने में मदद करते हैं, यह रक्तस्राव पैदा कर सकता है।

  • वासा प्रीविया (Vasa previa)

इस स्थिति में भ्रूण की रक्त वाहिकाएं फट जाती हैं, जो ब्लीडिंग का कारण बन सकती है। इन रक्त वाहिकों के जरिए ही मां से बच्चे में रक्त का संचार होता है।

उपरोक्त सभी कारणों से गर्भावस्था के दौरान स्पॉटिंग या रक्तस्राव हो सकता है और आपको हल्के ऐंठन, थकान और पीठ के निचले हिस्से में दर्द जैसे लक्षण भी हो सकते हैं, लेकिन ये रक्तस्राव नहीं होता है।

यह कहना मुश्किल है कि क्या गर्भावस्था के दौरान रक्तस्राव किसी भी मेडिकल इमरजेंसी को इंगित करता है। इसलिए, अगर आपको रक्तस्राव हो रहा है, तो अपने डॉक्टर से ज़रूर मिलें।

और पढ़ें:अल्फा-फेटोप्रोटीन टेस्ट क्या है और क्यों पड़ती है इसकी ज़रूरत
 

आपको कब इस समस्या को लेकर डॉक्टर से मिलना चाहिए?

When Should You See A Doctor in hindi

Doctor se aapko kab milna chahiye

अगर आपको ब्लीडिंग के साथ निम्नलिखित लक्षण दिखे, तो आपको डॉक्टर से मिलना चाहिए :

  • रक्स्राव, जो एकदम गहरा लाल हो और एक दिन में एक से अधिक पैड की आवश्यकता पड़ जाए
  • गंभीर दर्द और ऐंठन
  • बेहोशी या चक्कर आना
  • भारी रक्तस्राव या थक्के
  • आपके पेट या श्रोणि क्षेत्रों में दर्द

गर्भावस्था के दौरान रक्तस्राव को नज़रअंदाज़ नहीं किया जा सकता है।

अगर ये सिर्फ हल्का स्पॉटिंग है, तो आप डॉक्टर के साथ अपनी अगली नियुक्ति तक इंतजार कर सकते हैं।

हालांकि, अगर यह नियमित रूप से स्पॉटिंग, भारी, या होने से अधिक है, तो अपने चिकित्सक को कॉल करना या उन्हें बिना देरी किए मिलना चाहिए।

ये उन्हें समस्या का निदान करने और समय पर उपचार करने में मदद करेगा ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि आपकी गर्भावस्था में कोई जटिलताएं नहीं हैं।

loading image

क्या यह लेख सहायक था? हां कहने के लिए दिल पर क्लिक करें

आर्टिकल की आख़िरी अपडेट तिथि: : 17 Jun 2020

हमारे ब्लॉग के भीतर और अधिक अन्वेषण करें

लेटेस्ट

श्रेणियाँ

क्या तनाव के कारण गर्भधारण करने में परेशानी आ सकती है?

क्या तनाव के कारण गर्भधारण करने में परेशानी आ सकती है?

प्रजनन क्षमता बेहतर बनाने के 10 तरीके

प्रजनन क्षमता बेहतर बनाने के 10 तरीके

लड़का कैसे पैदा होता है?

लड़का कैसे पैदा होता है?

प्रेग्नेंट कब और कैसे होती है ?

प्रेग्नेंट कब और कैसे होती है ?

सेक्स के कितने दिन बाद गर्भधारण होता है?

सेक्स के कितने दिन बाद गर्भधारण होता है?
balance

सम्बंधित आर्टिकल्स

article lazy ad