डिलीवरी के बाद पेट कम करने के उपाय क्या हो सकते हैं?

Home remedies to reduce belly fat after delivery in hindi

Delivery ke baad pet kaise kam kare in hindi


एक नज़र

  • किसी भी व्यक्ति के लिए शरीर पर चढ़ा अधिक वज़न उनके स्वास्थ्य के लिए हानिकारक होता है।
  • स्तनपान करवाने से खर्च होने वाली कैलोरी के कारण वज़न को घटाने में मदद मिलती है।
  • डिलीवरी के बाद पेट की निचले हिस्से की मालिश करने से वहाँ की चर्बी कम होने लगती है।
triangle

Introduction

_Home_remedies_to_reduce_belly_fat_

अक्सर महिलाएं प्रसव के बाद अपने बढ़े हुए वज़न को लेकर काफी चिंतित हो जाती हैं। सामान्य रूप से प्रेग्नेंसी में महिला का शरीर हार्मोनल परिवर्तन के कारण बढ़ जाता है और डिलीवरी के बाद लंबे समय तक महिला का सक्रिय रूप से गतिविधि न कर पाने के कारण यह जल्दी घट नहीं पाता है। ऐसे में महिलाएं प्रसव के बाद बढ़े हुए वजन को कैसे कम करें वो यह समझ नहीं पाती हैं। इस लेख के माध्यम से अनेक महिलाओं के इसी सवाल का हल देने का प्रयास किया जा रहा है।

loading image

इस लेख़ में

 

डिलीवरी के बाद पेट कम करना मैं कब शुरू कर सकती हूँ?

When I can start to reduce belly fat after delivery in hindi

Delivery ke baad pet ko kam karne ke upay kab shuru kiye ja sakte hain in hindi

महिलाएं डिलीवरी के बाद वजन बढ़ने (weight gain after delivery in hindi) को लेकर इतना परेशान रहती हैं कि यथासंभव इस परेशानी से मुक्त होना चाहती हैं। [1]

इस संबंध में अधिकतर गायनेकॉलोजिस्ट का यह मानना है कि डिलीवरी के बाद अगर महिला को किसी प्रकार की विशेष परेशानी न हो तब कम से कम छह महीने के बाद ही पेट कम करने के उपाय को शुरू किया जा सकता है।

loading image
 

डिलीवरी के बाद पेट कम करना क्यों जरूरी है?

Why one need to reduce belly fat after delivery in hindi

Delivery ke baad pet ke fat ko kam karna kyun zaroori hota hai in hindi

डिलीवरी के बाद पेट कम करना जरूरी है अच्छे स्वास्थ्य और आत्मविश्वास के लिए। वजन कम करने की जरूरत हर उस महिला को हो सकती है जिसका वजन गर्भधारण करने से पहले की तुलना में बहुत अधिक बढ़ गया हो।

विशेषज्ञ वजन और पेट कम करने के लिए क्यों कहते हैं।

1. किसी भी व्यक्ति के लिए शरीर पर चढ़ा अधिक वज़न उनके स्वास्थ्य के लिए हानिकारक होता है।

2. डिलीवरी के बाद बढ़ा हुआ वज़न महिलाओं में प्रसव के बाद होने वाला डिप्रेशन (postpartum depression in hindi) का कारण भी बन जाता है।

3. प्रसव के बाद बढ़ा हुआ वज़न होने से कुछ महिलाओं में विभिन्न प्रकार की हेल्थ समस्याएँ जैसे टाइप-2 मधुमेह और हृदय संबंधी परेशानियां भी जन्म ले सकती हैं।

4. अगर महिला की यह पहली संतान है तब अगली गर्भावस्था के बारे में तभी सोचा जा सकता है जब महिला का शारीरिक भार संतुलित होगा। ऐसा न होने की स्थिति में अगली डिलीवरी सिजेरियन होने की संभावना हो सकती है।

5. प्रसव के बाद बढ़ा हुआ शारीरिक वज़न महिला का रक्तचाप भी बढ़ा सकता है।

और पढ़ें:गर्भावस्था में नॉर्मल डिलीवरी के उपाय
 

नॉर्मल डिलीवरी के बाद पेट कम करने के उपाय क्या हैं?

Ways to reduce belly fat after normal delivery in hindi

Normal delivery ke bad pet kaise kam kare in hindi

नॉर्मल डिलीवरी का अर्थ है योनि के माध्यम से प्रसव (vaginal delivery in hindi) होना। इस तकनीक में चिकित्सीय उपकरणों का कम से कम प्रयोग होता है और प्रसव पूरी तरह से प्राकृतिक होता है। [2]

नॉर्मल डिलीवरी के बाद सामान्य रूप से महिला को बढ़े हुए वजन के उपाय को 6-12 महीने के बाद ही शुरू करना चाहिए। [3]

नीचे लिखे कामों को करते हुए महिला नॉर्मल डिलीवरी के बाद पेट की चर्बी को सरलता से कम कर सकती हैं -

1. स्तनपान (Breastfeeding to reduce belly fat in hindi)

नवजात शिशु को स्तनपान करवाने से न केवल शिशु का स्वास्थ्य ठीक रहता है बल्कि ऐसा करने से महिला का प्रसव भार भी कम होता है। स्तनपान करवाने से खर्च होने वाली कैलोरी के कारण वज़न को घटाने में मदद मिलती है। इस प्रकार डिलीवरी के बाद सामान्य रूप से स्तनपान करवाने से महिला का वजन आसानी से कम हो सकता है।

2. स्वस्थ व पौष्टिक भोजन (Healthy and nutritious food to reduce belly fat after delivery in hindi)

नॉर्मल डिलीवरी के बाद वज़न घटाने में स्वस्थ व पौष्टिक भोजन का भी बहुत बड़ा योगदान होता है।

सामान्य बातों को ध्यान में रखें तो सेहत और वज़न दोनों संतुलित रह सकते हैं, जैसे -

1. नवजात शिशु की देखभाल करते समय अपने नाश्ते और भोजन के समय का भी ध्यान रखें। एक समय भी भोजन को छोड़ देने से आपके शरीर में एनर्जी कम हो सकती है और इसके कारण आपकी वज़न कम करने में भी परेशानी हो सकती है।

2. दिन में एक या दो बार अधिक भोजन करने के स्थान पर 5 या 6 बार कम मात्रा में हेल्दी स्नैक्स लें। इससे पेट भी भरा रहेगा और शरीर में चुस्ती भी बनी रहेगी।

3. कभी भी सुबह के नाश्ते को न तो छोड़ें और न ही ज़रूरत से कम खाएं। ऐसा करने से शरीर में सुस्ती और वज़न दोनों बढ़ सकते हैं।

4. खाना खाते समय किसी और काम पर ध्यान न दें, क्यूंकी इस तरह आपको कितना खाना है, पता नहीं चल पाएगा।

5. अपने खाने और नाश्ते में अधिक से अधिक फाइबर और प्रोटीन युक्त वस्तुओं को शामिल करें। इन वस्तुओं के खाने से न केवल स्वास्थ्य ठीक रहता है बल्कि पाचन तंत्र ठीक रहने से भी वज़न कम होने लगता है।

6. दिन में कम से कम 10-12 तरल पेय पदार्थ जैसे दूध और दूध से बनी वस्तुएँ जैसे लस्सी, छाछ, घर में बनाया हुआ फलों का जूस और सरल पानी या नींबू पानी ज़रूर लें। इस तरह तरल पेय लेने से शरीर में पानी की कमी को दूर होती है साथ ही इसे डिलीवरी के बाद वज़न घटाने का उपाय भी माना जाता है। इस समय बाज़ार में बने जूस जिनमें सोडा और बहुत अधिक मीठा मिला होता है, न लें क्योंकि इससे ऊर्जा तो मिलती नहीं है बल्कि शरीर में चर्बी अधिक चढ़ जाती है।

7. भारतीय भोजन अपने अधिक तेल और मसालों के लिए जाना जाता है। लेकिन डिलीवरी के बाद वज़न कम करने के लिए इस प्रकार के भोजन में कमी करनी होगी।

3. नियमित व्यायाम (Regular exercise to reduce belly fat after delivery in hindi)

नियमित व्यायाम करने से किसी भी समय में बढ़े हुए वज़न को सरलता से कम किया जा सकता है। इससे शरीर की अतिरिक्त चर्बी कम तो होती ही है साथ ही मांसपेशियों में भी ताकत आ जाती है।

नॉर्मल डिलीवरी के बाद वजन कम करने के लिए धीरे-धीरे हल्के व्यायाम से शुरू करके अपनी ताकत और उसके अनुसार व्यायाम को भी धीरे-धीरे ही बढ़ाएँ। शुरू में आप सिट-अप्स (sit-ups), पेल्विक फ्लोर एक्सरसाइज (pelvic floor exercises) और स्ट्रेचिंग (stretching) जैसे हल्के-फुल्के व्यायाम से वज़न घटाने की शुरुआत कर सकती हैं। कभी भी तेज़ी से वज़न कम करने का प्रयत्न न करें। शुरू-शुरू में तो अपने नन्हें शिशु के साथ घूमना जितना व्यायाम भी आपके लिए काफी माना जा सकता है।

4. पर्याप्त मात्रा में पानी का सेवन (Water to reduce belly fat Drinking after delivery in hindi)

बच्चे की देखभाल करते समय पानी पीना न भूल जाएँ इसके लिए स्तनपान करवाते समय अपने पास पानी की एक बोतल ज़रूर रखें जिससे आपको समय से पानी पीने में परेशानी न हो। जहां तक संभव हो पूरे दिन में 2-3 फल अपनी डाइट में ज़रूर शामिल करें। फलों के सेवन ने शरीर को ज़रूरी पोषण और फाइबर तो मिलता है साथ ही सुगमता से पच जाने के कारण वज़न कम करने में भी ये सहायक होते हैं।

5. रोजाना सैर (Walking to reduce belly fat after delivery in hindi)

डिलीवरी के बाद अपनी लाइफस्टाइल इस तरह की बनाएँ जिसमें थोड़ी-थोड़ी देर बाद थोड़ा बहुत चलना फिरना होता रहे। शुरुआत में बच्चे के साथ घर में चलना फिरना करते हुए, उसे कुछ समय बाद बढ़ा भी सकती हैं। लेकिन ऐसा करते समय अपनी वर्तमान स्थिति को भी ध्यान में रखें। ज़रूरत से ज़्यादा थकान आपके वजन को घटाने की जगह बढ़ा सकती है।

6. सौंफ अजवायन का पानी (Fennel-carom seed water to reduce belly fat after delivery in hindi)

डिलीवरी के बाद सौंफ-अजवायन का पानी का सेवन करने से न केवल नवप्रसूता का डाइजेस्टीव सिस्टम ठीक रहता है बल्कि यह प्रेग्नेंसी के दौरान बढ़ा हुआ वज़न भी कम करने में मदद करता है।

7. पेट की मालिश (Tummy massage to reduce belly fat after delivery in hindi)

डिलीवरी के बाद पेट की निचले हिस्से की मालिश करने से वहाँ की चर्बी कम होने लगती है। इससे वजन कम करने में मदद मिलती है। लेकिन ध्यान रहे कि मालिश केवल दक्ष हाथों से ही करवानी चाहिए और डॉक्टर से सलाह करने के बाद ही करनी चाहिए। यदि डिलीवरी सिजेरियन है या बच्चे के जन्म के समय किसी प्रकार की कोई परेशानी हुई है तब मालिश करने से पहले डॉक्टर से सलाह अवश्य करें।

8. पेट पर कपड़ा बाँधें (Tied the cloth or maternity belt to reduce belly fat after delivery in hindi)

कुछ पुराने विचारों की महिलाएं, अक्सर घर में बच्चे के जन्म के बाद महिला के पेट पर कस कर कपड़ा बांधने का काम करवाती थीं। चिकित्सकों का भी मानना है कि पेट पर इस तरह से कपड़ा बांधने से न केवल गर्भाशय को अपने मूल आकार में वापस आने में मदद मिलती है बल्कि नवप्रसूता की पीठ के दर्द में भी आराम मिलता है। इसी कारण अब बाज़ार में इस काम के लिए एक बेल्ट भी मिलती है जिसे मेटरनिटी बेल्ट (maternity belt) कहते हैं। इस बेल्ट को या कपड़े बांधते समय इस बात का ध्यान रखे कि यह अधिक कस कर न बांधी जाये।

9. गुनगुना पानी (Luke warm to reduce belly fat after delivery in hindi)

डिलीवरी के बाद गुनगुना पानी पीने से महिला का डाइजेस्टीव सिस्टम ठीक रहता है और शरीर से सारे विषाक्त किटाणु भी बाहर निकल जाते हैं। इसके साथ ही महिला का इम्युनिटी सिस्टम भी ठीक रहता है। इसके लिए सुबह-सुबह गुनगुना पानी पीने से महिला के शरीर का तापमान थोड़ा बढ़ जाता है जिसके कारण कैलोरी काउंट में कमी आती है। परिणामस्वरूप वज़न कम होने में मदद मिलती है।

loading image
 

सिजेरियन डिलीवरी के बाद पेट कम करने के उपाय क्या हैं?

How to reduce belly fat after cesarean delivery in hindi

Caesarean delivery ke bad pet kaise kam kare in hindi

जब महिला का प्रसव ऑपरेशन के द्वारा करवाया जाता है तब इसे सिजेरियन डिलीवरी (caesarean delivery in hindi) कहा जाता है। सिजेरियन डिलीवरी के बाद पेट कम करने के उपाय (reduce belly fat after caesarean delivery in hindi), नॉर्मल डिलीवरी के बाद किए जाने वाले उपायों से थोड़ा भिन्न होते हैं। चिकित्सा विशेषज्ञ, सिजेरियन डिलीवरी के बाद पेट कम करने के लिए किसी भी प्रकार के उपायों को अपनाने के लिए लगभग 6-8 हफ्ते का इंतज़ार करने की सलाह देते हैं। जबकि नॉर्मल डिलीवरी में 6-8 दिनों के बाद ही ये उपाय शुरू किए जा सकते हैं।

इसके अलावा सिजेरियन डिलीवरी के बाद महिला को कुछ परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है, जैसे -

1. प्रसव के बाद भारी रक्त्स्त्राव

2. नसों और जोड़ों में किसी प्रकार की चोट या घाव होना

3. ऑपरेशन के टांकों या घावों का खुल जाना

इसलिए चिकित्सक डिलीवरी के बाद लगभग 2 महीने का समय इंतज़ार करने की सलाह देते हैं।

इसके बाद महिला जिन उपायों के द्वारा पेट कम करने का प्रयास कर सकती हैं, वो हैं : -

1. छोटी-छोटी सैर (Light walk to reduce belly fat after caesarean delivery in hindi)

सिजेरियन डिलीवरी के बाद जब तक शरीर आंतरिक रूप से स्वस्थ नहीं हो जाता तब तक महिला को अपने कमरे में ही छोटी-छोटी सैर का मौका नहीं छोड़ना चाहिए। इससे शरीर में एक्टिविटी बनी रहेगी और प्रेग्नेंसी में चढ़ी हुई वसा पर अतिरिक्त लेयर नहीं जम पाएगी।

2. खान-पान में सावधानी (Careful and healthy eating to reduce belly fat after caesarean delivery in hindi)

सिजेरियन डिलीवरी के बाद आपको जब अपने वज़न को कम करना है तब किसी भी प्रकार का ऐसा भोजन न करें जो आपके इस प्रयास पर पानी फेर दे।

3. स्तनपान अनिवार्यता (Breastfeeding is essential to reduce belly fat after caesarean delivery in hindi)

स्तनपान करवाने से महिला के शरीर से थोड़ी-बहुत कैलोरी खर्च होती है। इसलिए सिजेरियन डिलीवरी के बाद नवजात शिशु को स्तनपान अवश्य करवाएँ।

4. हल्के व्यायाम (Moderate Yoga and Exercise to reduce belly fat after caesarean delivery in hindi)

सी-सेक्शन डिलीवरी के बाद जब चिकित्सक आपको व्यायाम शुरू करने की सलाह दें तब भुजंगासन, प्राणायाम और सूर्य नमस्कार जैसे हल्के योगासन शुरू कर दें। इन सभी आसनों से शरीर पर चढ़ी वसा की एक्स्ट्रा लेयर उतारने में आसानी होगी। इसके अलावा, पेल्विक टिल्ट (pelvic tilt), प्लैंक(plank), फारवर्ड बैंड(forward Bend) आदि एक्सर्साइज़ भी वज़न को कम करने में मदद कर सकती हैं।

5. पेट की मालिश (Tummy Massage to reduce belly fat after caesarean delivery in hindi)

सिजेरियन डिलीवरी में पेट के हिस्से में टांके लगाए जाते हैं। इसलिए पेट की मालिश करने से पहले चिकित्सक से सलाह ज़रूर करें। इसके बाद अगर किसी तरह की कोई परेशानी नहीं है तब हल्के हाथों से थोड़ी देर पेट के निचले हिस्से में मालिश करवाई जा सकती है। इससे गर्भाशय को अपनी जगह और आकार में वापस आने में मदद मिल सकती है।

6. पेट पर कपड़ा (Cotton Belt to reduce belly fat after caesarean delivery in hindi)

नॉर्मल डिलीवरी की तरह सिजेरियन डिलीवरी के बाद भी पेट पर कपड़ा या मेटर्नीटी बेल्ट को बांधा जा सकता है। लेकिन डिलीवरी के 6-8 हफ्ते बाद और रोज़ केवल 3-5 मिनट तक। यदि इस अवधि में दर्द महसूस हो, तब इसे दोबारा नहीं करना चाहिए।

और पढ़ें:डिलीवरी के बाद पीरियड लाने के उपाय
 

निष्कर्ष

Conclusionin hindi

Nishkarsh

महिला की डिलीवरी नॉर्मल हो या सिजेरियन हो, वज़न कम करने के लिए अपनाए जाने वाले उपाय लगभग एक समान होते हैं। अंतर केवल इतना है कि नॉर्मल डिलीवरी के बाद 6-8 दिन बाद उपाय शुरू किए जा सकते हैं लेकिन सिजेरियन डिलीवरी में 6-8 हफ्ते का इंतज़ार किया जाता है।

loading image

क्या यह लेख सहायक था? हां कहने के लिए दिल पर क्लिक करें

references

संदर्भ की सूचीछिपाएँ

1 .

ACOG.” Weight Gain During Pregnancy”. The American College of Obstetricians and Gynaecologists Committee Opinion. Number 548, 2013 Jan.

2 .

Brunt, Jone. “Normal Birth”. The Permanente Journal, 2005. Winter, 96-98. doi: 10.7812/tpp/04-125 PMID: PMC3108427, PMID: 21687497.

3 .

Jacobso, John D, Ed. n “Losing weight after pregnancy”. Medline Plus

आर्टिकल की आख़िरी अपडेट तिथि: : 18 Sep 2020

हमारे ब्लॉग के भीतर और अधिक अन्वेषण करें

लेटेस्ट

श्रेणियाँ

डिलीवरी के बाद पीरियड लाने के उपाय

डिलीवरी के बाद पीरियड लाने के उपाय

सिजेरियन डिलीवरी के बाद पेट कैसे कम करें

सिजेरियन डिलीवरी के बाद पेट कैसे कम करें

बच्चे के जन्म के बाद संभोग (सेक्‍स) कब करें?

बच्चे के जन्म के बाद संभोग (सेक्‍स) कब करें?

सामान्य डिलीवरी के 9 फ़ायदे

सामान्य डिलीवरी के 9 फ़ायदे

नॉर्मल डिलीवरी के लिए गर्भवस्था के दौरान करें 8 सर्वश्रेष्ठ व्यायाम

नॉर्मल डिलीवरी के लिए गर्भवस्था के दौरान करें 8 सर्वश्रेष्ठ व्यायाम
balance
article lazy ad