Does Stress Cause Infertility

क्या तनाव से बांझपन की समस्या हो सकती है? क्या कहती है रिसर्च?

Do stress Causes infertility, what do the research says ?in hindi

Kya tanaw se banjhpan ki samasya ho sakti hai? Research kya kahti hai?

एक नज़र

  • इनफर्टिलिटी और तनाव के बीच कई शोध किए गए हैं जो अलग-अलग परिणाम प्रदर्शित करते हैं।
  • अल्फा-अमाइलेज और कोर्टिसोल हॉर्मोन तनाव स्ट्रेस (stress) का कारण बनते हैं।
  • तनाव से पुरुषों को भी इनफर्टिलिटी की समस्या हो सकती है।

तनाव और इनफर्टिलिटी एक दूसरे से जुड़े हुए बहुत बड़े मुद्दे हैं।

अक्सर तनाव और इनफर्टिलिटी को लेकर बहस बनी रहती है।

इतना ही नहीं इनफर्टिलिटी और स्ट्रेस (stress) के बीच में सम्बन्ध निकालने के लिए कई तरह के रिसर्च भी किए गए।

सोचने वाली बात यह है कि अलग-अलग रिसर्च के अलग-अलग रिपोर्ट सामने आईं हैं।

फर्टिलिटी एक्सपर्ट्स ने अभी तक स्ट्रेस और इनफर्टिलिटी के बीच रिलेशन को स्वीकार नहीं किया है।

लेकिन, क्या यह भी हो सकता है कि स्ट्रेस इनफर्टिलिटी का एक हिस्सा हो?

उत्तर कठिन है क्योंकि, फर्टिलिटी एक्सपर्ट्स ने अभी तक इस बात को स्वीकार नहीं किया है।

लेकिन, कुछ ने इस बात को माना भी है।

फिर भी तनाव हमारे शरीर के लिए बहुत हानिकारक है जो शरीर की कई गतिविधियों को प्रभावित करता है।

आइये जानते हैं कि इस बारे में रिसर्च क्या कहती है?

मुझे सही डॉक्टर के चुनाव में मदद चाहिए

हमारे मेडिकल एक्सपर्ट आपको अनुभवी व नज़दीकी डॉक्टर से अपॉइंटमेंट बुक कराने में मदद करेंगे

i need guidance in choosing the best doctor

इस लेख़ में /\

  1. तनाव और बांझपन से जुडी पॉजिटिव रिसर्च
  2. तनाव और बांझपन से जुडी नेगेटिव रिसर्च
  3. तनाव से पुरुषों को भी इनफर्टिलिटी की समस्या हो सकती है
  4. निष्कर्ष
 

1.तनाव और बांझपन से जुडी पॉजिटिव रिसर्च

Positive research on stress and infertility in hindi

tanav aur banjhpan se judi positive research in hindi

कई रिसर्च तनाव को बांझपन की वजह बता रहे हैं और वे इस बात को प्रमाणित भी कर चुके हैं।

यूके के एक रिसर्च में 250 महिलाओं को शामिल किया गया।

ये सभी महिलाएं अपने 6th पीरियड साइकिल में गर्भधारण करने की कोशिश कर रही थी।

हर साइकिल के छठे दिन में हर महिला के शरीर में अल्फा-अमाइलेज (alpha-amylase) और कोर्टिसोल (cortisol) के स्तर को पता करने के लिए सलाइवा सेम्पलस (saliva samples) दिए गए।

अल्फा-अमाइलेज और कोर्टिसोल वे हॉर्मोन हैं जो स्ट्रेस का कारण बनते हैं।

रिसर्च का रिजल्ट चौंकाने वाला था, क्योंकि यहाँ पर दो रिजल्ट देखने को मिले थे।

ऐसी महिलाएं जिनके शरीर में अल्फा-अमाइलेज हॉर्मोन ज्यादा मात्रा में थे उन्हें प्रेग्नेंट होने में काफी ज्यादा समय लग रहा था।

लेकिन, ऐसी महिलाएं जिनके शरीर में कोर्टिसोल की ज्यादा मात्रा थी वे काफी जल्दी गर्भधारण कर पा रही थीं।

अल्फा-अमाइलेज (Alpha-amylase) और कोर्टिसोल (Cortisol) दोनों ही हॉर्मोन स्ट्रेस हॉर्मोन हैं।

लेकिन दोनों गर्भ धारण करने की इच्छुक महिलाओ में दोनों अलग-अलग रिजल्ट्स दिखाते हैं।

किसी महिला के शरीर में अल्फा-अमाइलेज ज्यादा होने पर गर्भ धारण करने में परेशानी होती है।

लेकिन वही पर अगर कोर्टिसोल (Cortisol) ज्यादा होने पर ऐसी कोई समस्या नहीं होती।

इसलिए गर्भधारण और तनाव के बीच सम्बन्ध स्थापित कर पाना पूरी तरह से अस्पष्ट है।

मिशिगन (Michigan) और टेक्सास (Texas) के रिसर्च सेंटर में एक और अध्ययन किया गया।

रिसर्च सेंटर यह जानना चाहता था कि क्या अल्फा-एमाइलेज और कोर्टिसोल गर्भवती होने में लगने वाले समय से संबंधित हो सकता है?

इस अध्ययन में गर्भधारण के लिए प्रयास कर रही कुल 400 महिलाएं शामिल हुई थी।

रिसर्च के रिजल्ट में यह पता चला की अल्फ़ा-एमाइलेज की वजह से फर्टिलिटी के चांसेस 29 परसेंट तक कम हो जाते हैं।

जबकि, उन्होंने कोर्टिसोल और प्रेगनेंसी के बीच कोई भी सम्बन्ध नहीं बताया।

इतना ही नहीं आर्थिक और सामाजिक कारणों की वजह से होने वाले तनाव भी फर्टिलिटी को प्रभावित करते हैं।

रिसर्च के मुताबिक़ ऐसी महिलाएं जो ज्यादा तनाव लेती थी वे भी अनियमित पीरियड्स और बांझपन की समस्या से जूझ सकती हैं।

और पढ़ें:15 से अधिक सुपर फूड जो स्पर्म काउंट और मोटेलिटी बढ़ा सकते हैं

मैं कन्फ्युज हूँ, मुझे मदद चाहिए

हमारे मेडिकल एक्सपर्ट उपचार की योजना तैयार करने में आपकी सहायता करेंगे

i’m confused, i need help
 

2.तनाव और बांझपन से जुडी नेगेटिव रिसर्च

Negative research on stress and infertility in hindi

tanav aur banjhpan se judi negative research in hindi

यूनाइटेड किंगडम (UK) में एक रिसर्च की गई जिसमे 340 महिलाएं शामिल थीं।

उनके स्ट्रेस लेवल को तब तक मापा गया जब तक वे प्रेग्नेंट नहीं हो गई।

इस दौरान उन्होंने महिलाओं से कई प्रश्न भी किए जैसे- वे कितनी बार सेक्स करती हैं?

कितना धूम्रपान करती हैं?

कितनी मात्रा में कैफीन का सेवन करती हैं?

और रिपोर्ट के अनुसार प्रेगनेंसी और स्ट्रेस में कोई सम्बन्ध नहीं पाया गया।

इसके अलावा एक अध्ययन अलग से भी किया गया।

इस अध्ययन में यह पता लगाने की कोशिश की गई क्या तनाव से IVF सक्सेस रेट में भी प्रभाव पड़ता है?

जिसमें कुल 200 महिलाओं को शामिल किया गया।

सभी महिलाएं अपनी फ़र्स्ट IVF साइकिल के लिए तैयार थीं।

डिप्रेशन का पता लगाने के लिए उनसे कई तरह के प्रश्न पूछे गए।

जो महिलाएं आईवीएफ(IVF) ट्रीटमेंट लेने से पहले तनाव युक्त थी और जो महिलाएं आईवीएफ(IVF) ट्रीटमेंट लेने से पहले सामान्य थी , जब दोनों तरह की महिलाओं में तनाव और गर्भधारण करने की सफलता को लेकर सम्बन्ध देखा गया तो कुछ स्पष्टता सामने आई।

आईवीएफ(IVF) की सफलता और विफलता का रेट दोनों ही तरह की महिलाओं में सामान्य था।

साथ ही अध्ययन में यह पाया गया कि आईवीएफ विफलता से तनाव का कोई सम्बन्ध स्थापित नहीं हो पा रहा है।

रिसर्च का कहना है कि पेशेंट के डिप्रेशन का इलाज करने से बेहतर यह होगा की डॉक्टर उनकी फर्टिलिटी का इलाज करें।

इतना ही नहीं 14 ऐसे भी शोध किए गए जिसमे कुल 3500 महिलाएं शामिल हुईं।

यह रिसर्च यह पता करने के लिए की गई थी कि कहीं इमोशनल स्ट्रेस तो बांझपन का कारण नहीं बनता।

इसमें पाया गया कि इमोशनल स्ट्रेस और इनफर्टिलिटी का किसी भी तरह का कनेक्शन नहीं था।

और पढ़ें:अंतर्गर्भाशयी गर्भाधान की सफलता को प्रभावित करने वाले मुख्य कारक

 

3.तनाव से पुरुषों को भी इनफर्टिलिटी की समस्या हो सकती है

Fertility in men can be affected by stress in hindi

Tanav se purusho ko bhi infertility ki samasya ho sakti hai in hindi

57 अलग-अलग शोध में कुल 30,0000 पुरुष शामिल थे।

शोध के परिणाम के अनुसार ऐसे पुरुष जो ज्यादा तनाव लेते थे उनमें प्रजनन क्षमता बहुत कम थी।

उन पुरुषों में वीर्य से जुड़ी कई समस्याएँ देखने को मिली थी।

ज्यादा तनाव लेने वाले पुरुष का स्पर्म काउंट नॉर्मल स्पर्म काउंट से बहुत कम था।

इतना ही नहीं स्पर्म का शेप और स्पर्म मूवमेंट भी ज्यादा बेहतर नहीं थे।

स्पर्म मूवमेंट और स्पर्म काउंट प्रजनन में बहुत बड़ा योगदान निभाते हैं।

लेकिन, स्ट्रेस की वजह से इन पर गहरा प्रभाव पड़ता है और पुरुष प्रजनन कर में असमर्थ हो जाते हैं।

और पढ़ें:अच्छी फर्टिलिटी क्लिनिक खोजने से पहले जरूर ध्यान दें ये 6 बातें

मुझे सही डॉक्टर के चुनाव में मदद चाहिए

हमारे मेडिकल एक्सपर्ट आपको अनुभवी व नज़दीकी डॉक्टर से अपॉइंटमेंट बुक कराने में मदद करेंगे

i need guidance in choosing the best doctor
 

4.निष्कर्ष

Conclusionin hindi

Nishkarsh

इसमें कोई दो राय नहीं है कि इनफर्टिलिटी की वजह से स्ट्रेस नहीं होता है।

लेकिन, यह प्रमाणित नहीं है कि स्ट्रेस की वजह से इनफर्टिलिटी की प्रॉब्लम होती है।

हालाँकि, कुछ रिसर्च के मुताबिक स्ट्रेस लेने से प्रेग्नेंट होने में ज्यादा समय लग सकता है।

लेकिन, इससे इनफर्टिलिटी नहीं होती है।

आर्टिकल की आख़िरी अप्डेट तिथि: 29 Jul 2019

विशेषज्ञ सलाहASK AN EXPERT

कॉल

व्हाट्सप्प

अपॉइंटमेंट बुक करें